*विधानसभा सत्र की कार्यवाही अनिश्चितकाल के लिए स्थगित*
उत्तराखंड विधानसभा का मौजूदा सरकार के कार्यकाल का अंतिम सत्र बुधवार को गैरसैंण (भराड़ीसैंण) में संपन्न हो गया। सत्र समापन के बाद पत्रकारों से बातचीत में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विपक्ष के रवैये पर तीखा हमला बोला और कांग्रेस पर आरोप लगाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि 2022 में चुनी गई नई विधानसभा और सरकार का यह अंतिम सत्र था। इस साल गैरसैंण में दो सत्र आयोजित हुए और पिछले पांच वर्षों में यहां सबसे अधिक दिनों तक सत्र चला। उन्होंने स्पीकर, सचिवालय, प्रशासनिक कर्मचारियों, पुलिस और मीडिया का आभार व्यक्त किया। धामी ने विपक्ष के विरोध-प्रदर्शन को अराजकता फैलाने वाला बताया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस का रवैया कभी सड़कों पर उतरने, कभी प्रधानमंत्री आवास के बाहर पहुंचने और कभी अभद्र भाषा का प्रयोग करने वाला है। दिल्ली में कांग्रेस के युवराज की हताशा साफ दिख रही है। रामपुर तिराहा कांड का जिक्र करते हुए उन्होंने अखिलेश यादव पर उत्तराखंड आंदोलन के जख्म कुरेदने का आरोप लगाया।
भ्रष्टाचार के मुद्दे पर सीएम ने कहा कि भ्रष्टाचार की जननी कांग्रेस है उनकी सरकार में कोई घोटाला नहीं हुआ। उन्होंने सख्त भू-कानून, मदरसा बोर्ड हटाकर नया प्राधिकरण बनाने और 250 से अधिक गलत तरीके से चल रहे मदरसे बंद करने का जिक्र किया। समान नागरिक संहिता (यूसीसी) को लेकर विपक्ष पर झूठ फैलाने का आरोप लगाते हुए धामी ने कहा कि इससे मुस्लिम बहनों को कुरीतियों से आजादी मिली। मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा, “हमारी सरकार कांग्रेस के पाप धोने का काम कर रही है और यह सफाई लगातार जारी रहेगी।” उन्होंने 2029 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के और बड़े बहुमत से लौटने का दावा भी किया। सत्र में अनुपूरक बजट समेत 10 विधेयक पारित हुए।
